43. अज-जुखरूफ - क़ुरान
- 1. हा॰ मीम॰
- 2. गवाह है स्पष्ट किताब
- 3. हमने उसे अरबी क़ुरआन बनाया, ताकि तुम समझो
- 4. और निश्चय ही वह मूल किताब में अंकित है, हमारे यहाँ बहुच उच्च कोटि की, तत्वदर्शिता से परिपूर्ण है
- 5. क्या इसलिए कि तुम मर्यादाहीन लोग हो, हम तुमपर से बिलकुल ही नज़र फेर लेंगे?
- 6. हमने पहले के लोगों में कितने ही रसूल भेजे
- 7. किन्तु जो भी नबी उनके पास आया, वे उसका परिहास ही करते रहे
- 8. अन्ततः हमने उनको पकड़ में लेकर विनष्ट कर दिया जो उनसे कहीं अधिक बलशाली थे। और पहले के लोगों की मिसाल गुज़र-चुकी है
- 9. यदि तुम उनसे पूछो कि "आकाशों और धरती को किसने पैदा किया?" तो वे अवश्य कहेंगे, "उन्हें अत्यन्त प्रभुत्वशाली, सर्वज्ञ सत्ता ने पैदा किया।"