सूरह अबसा - क़ुरान - हारुन याह्या
-
1. उसने त्योरी चढ़ाई और मुँह फेर लिया,
-
2. इस कारण कि उसके पास अन्धा आ गया।
-
3. और तुझे क्या मालूम शायद वह स्वयं को सँवारता-निखारता हो
-
4. या नसीहत हासिल करता हो तो नसीहत उसके लिए लाभदायक हो?
-
5. रहा वह व्यक्ति जो धनी हो गया ह
-
6. तू उसके पीछे पड़ा है -
-
7. हालाँकि वह अपने को न निखारे तो तुझपर कोई ज़िम्मेदारी नहीं आती -
-
8. और रहा वह व्यक्ति जो स्वयं ही तेरे पास दौड़ता हुआ आया,
-
9. और वह डरता भी है,
-
10. तो तू उससे बेपरवाई करता है
-
11. कदापि नहीं, वे (आयतें) तो महत्वपूर्ण नसीहत है -
-
12. तो जो चाहे उसे याद कर ले -
-
13. पवित्र पन्नों में अंकित है,
-
14. प्रतिष्ठि्त, उच्च,
-
15. ऐसे कातिबों के हाथों में रहा करते है
-
16. जो प्रतिष्ठित और नेक है
-
17. विनष्ट हुआ मनुष्य! कैसा अकृतज्ञ है!
-
18. उसको किस चीज़ से पैदा किया?
-
19. तनिक-सी बूँद से उसको पैदा किया, तो उसके लिए एक अंदाजा ठहराया,
-
20. फिर मार्ग को देखो, उसे सुगम कर दिया,
-
21. फिर उसे मृत्यु दी और क्रब में उसे रखवाया,
-
22. फिर जब चाहेगा उसे (जीवित करके) उठा खड़ा करेगा। -
-
23. कदापि नहीं, उसने उसको पूरा नहीं किया जिसका आदेश अल्लाह ने उसे दिया है
-
24. अतः मनुष्य को चाहिए कि अपने भोजन को देखे,
-
25. कि हमने ख़ूब पानी बरसाया,
-
26. फिर धरती को विशेष रूप से फाड़ा,
-
27. फिर हमने उसमें उगाए अनाज,
-
28. और अंगूर और तरकारी,
-
29. और ज़ैतून और खजूर,
-
30. और घने बाग़,
-
31. और मेवे और घास-चारा,
-
32. तुम्हारे लिए और तुम्हारे चौपायों के लिेए जीवन-सामग्री के रूप में
-
33. फिर जब वह बहरा कर देनेवाली प्रचंड आवाज़ आएगी,
-
34. जिस दिन आदमी भागेगा अपने भाई से,
-
35. और अपनी माँ और अपने बाप से,
-
36. और अपनी पत्नी और अपने बेटों से
-
37. उनमें से प्रत्येक व्यक्ति को उस दिन ऐसी पड़ी होगी जो उसे दूसरों से बेपरवाह कर देगी
-
38. कितने ही चेहरे उस दिन रौशन होंगे,
-
39. हँसते, प्रफुल्लित
-
40. और कितने ही चेहरे होंगे जिनपर उस दिन धूल पड़ी होगी,
-
41. उनपर कलौंस छा रही होगी
-
42. वहीं होंगे इनकार करनेवाले दुराचारी लोग!
शेयर करना
1
अल फातेहा
2
अल बकराह
3
आले इमरान
4
अन-निसा
5
अल-माइदा
6
अल-अनाम
7
अल-आराफ़
8
अल-अन्फाल
9
अत-तौबा
10
युनुस
11
हूद
12
युसूफ
13
अर र’आद
14
इब्राहीम
15
अल हिज्र
16
अन नहल
17
अल इस्रा
18
अल कहफ़
19
मरियम
20
अत-तहा
21
अल-अम्बिया
22
अल-हज
23
अल-मुमिनून
24
अन-नूर
25
अल-फुरकान
26
अस-शुआरा
27
अन-नम्ल
28
अल-क़सस
29
अल-अनकबूत
30
अर-रूम
31
लुकमान
32
अस-सजदा
33
अल-अह्जाब
34
सबा
35
फातिर
36
यासीन
37
अस-सफ्फात
38
स’आद
39
अज-ज़ुमर
40
अल-गाफिर
41
फुसिलत
42
अश-शूरा
43
अज-जुखरूफ
44
अद-दुखान
45
अल-जाथीया
46
सूरह अल-अह्काफ़
47
मुहम्मद
48
अल-फतह
49
अल-हुजरात
50
काफ
51
अज़-ज़ारियात
52
अत-तूर
53
अन-नज्म
54
अल-कमर
55
अर-रहमान
56
अल-वाकिया
57
अल-हदीद
58
अल-मुजादिला
59
अल-हष्र
60
अल-मुमताहिना
61
अस-सफ्फ
62
अल-जुमाअ
63
अल-मुनाफिकुन
64
अत-तग़ाबुन
65
अत-तलाक
66
अत-तहरिम
67
अल-मुल्क
68
अल-कलाम
69
अल-हाक्का
70
अल-मारिज
71
नूह
72
अल-जिन्न
73
अल-मुज़म्मिल
74
अल्-मुद्दस्सिर
75
अल-कियामा
76
अल-इन्सान
77
अल-मुर्सलत
78
अल-नबा
79
अन-नाज़िआ़त
80
सूरह अबसा
81
अत-तक्वीर
82
अल-इन्फिकार
83
अल-मुताफ्फिन
84
अल-इन्शिकाक
85
अल-बुरूज
86
अत-तारिक
87
अल-अला
88
अल-घाशिया
89
अल-फज्र
90
अल-बलद
91
अस-शम्स
92
अल-लैल
93
अद-दुहा
94
अल-इन्शिराह
95
अत-तिन
96
अल-अलक
97
अल-कद्र
98
अल-बय्यिना
99
अज़-ज़ल्ज़ला
100
अल-आदियात
101
अल-क़ारिअह
102
अत-तकासुर
103
अल-अस्र
104
अल-हुमज़ह
105
अल-फ़ील
106
क़ुरइश
107
अल-माऊन
108
अल-कौसर
109
अल-काफिरून
110
अन-नस्र
111
अल-मसद
112
अल-इख़लास
113
अल-फलक़
114
अन-नास