87. अल-अला - क़ुरान
- 1. तसबीह करो, अपने सर्वाच्च रब के नाम की,
- 2. जिसने पैदा किया, फिर ठीक-ठाक किया,
- 3. जिसने निर्धारित किया, फिर मार्ग दिखाया,
- 4. जिसने वनस्पति उगाई,
- 5. फिर उसे ख़ूब घना और हरा-भरा कर दिया
- 6. हम तुम्हें पढ़ा देंगे, फिर तुम भूलोगे नहीं
- 7. बात यह है कि अल्लाह की इच्छा ही क्रियान्वित है। निश्चय ही वह जानता है खुले को भी और उसे भी जो छिपा रहे
- 8. हम तुम्हें सहज ढंग से उस चीज़ की पात्र बना देंगे जो सहज एवं मृदुल (आरामदायक) है
- 9. अतः नसीहत करो, यदि नसीहत लाभप्रद हो!